
गुलेरिया हाउस,
रेयांश का कमरा,
इस वक्त आराध्या रेयांश के कमरे में उसके सामने अपने पैरों को फैला कर बैठी हुई थी और उसने पैंटी नहीं पहनी हुई थी। जिस वजह से उसकी गोरी और पिंक पूसी रेयांश के सामने थी। उसकी पुसी का हल्का सा क्लीटोरिस रेयांश को दिखाई दे रहा था। लेकिन उसका चेहरा पूरी तरह से उसके हाथों की नसें तनती जा रही थी और उसका शरीर जोकि कसता जा रहा था। उसे बहुत ज्यादा परेशान कर रहा था। उसके शरीर में आए हुए बदलावों को उसने आराध्या के सामने जाहिर नहीं किया था। वह लगातार अपने शरीर में हो रहे बदलावों को अपने अंदर दबाने की कोशिश कर रहा था। उसका एक्सप्रेशन लेस चेहरा, जोकि पूरी तरह से सख्त पड़ चुका था। वह अपनी आग उगलती नजरों से आराध्या को देख रहा था, जो कि अपने होठों पर जीभ घुमाते हुए एक ही बात बोल रही थी।
"Please daddy only one tongue fuck..."
उसकी बात पर रेयांश के जबड़े और भी ज्यादा कसने लगे थे। उसे आराध्या पर गुस्सा भी आ रहा था और खुद पर भी, क्योंकि उसका शरीर जिस कदर कस रहा था, वही जानता था कि उसे किस तरह डिजायर फील हो रही थी। अभी कुछ देर पहले ही बाथरूम से masturebute करके आया था। अब एक बार फिर से आराध्या ने उसकी डिजायर्स जगा दी थी। वहीं आराध्या अब अपनी जीभ के पास अपना हाथ ले जाते हुए उसने अपनी उंगलियों को चाटा और फिर उन उंगलियों को अपनी ब्रेस्ट से ले जाते हुए नीचे तक लेकर गई। अगले ही पल, अपने क्लीटोरिस पर लगाते हुए उन्हें गोल-गोल रगड़ने लगी। जिसे देखकर रेयांश के माथे पर हल्की-हल्की पसीने की बूंदे उभरने लगी।
पर अब वह और बर्दाश्त नहीं कर पा सकता था। इसीलिए वह तेज कदमों से आराध्या के पास गया और उसने अब आराध्या का एक झटके से हाथ पकड़ा और दांत पीसते हुए बोला, "तुम सच में बहुत ज्यादा बदतमीज और बेशर्म हो गई हो। लगता है, तुम्हें तुम्हारे मैनर्स अब मुझे सिखाने पड़ेंगे।" इतना कहते हुए लगभग से खींचते हुए आराध्या को बाहर की तरफ ले जा रहा था। वहीं आराध्या भी उसके इस बिहेवियर से बिल्कुल भी जैसे डिसएप्वाइंट नहीं हो रही थी। उसके चेहरे पर एक अजीब सी मुस्कुराहट थी, जो शायद रेयांश ने अभी तक नहीं देखी थी। वह लगातार आराध्या को खींचते हुए दरवाजे तक लेकर आया। अगले ही पल, उसने आराध्या को बाहर की तरफ धकेला और उस पर चिल्लाते हुए बोला, "अगली बार अपने मैनर्स अपने साथ लेकर आना और कपड़े पूरे पहन कर आना।" इतना कहते हुए वह लगभग दरवाजा बंद करने ही वाला था कि तभी आराध्या ने अपना हाथ बीच में टिका दिया। जिस वजह से उसका हाथ वहीं पर रुक गया। अगर वह जोर से दरवाजा आराध्या के हाथ पर मारता, तो शायद आराध्या को चोट लग जाती।
इसीलिए उसने अपने हाथ पूरी तरह से रोक दिए थे। वही आराध्या अब दरवाजे के साथ लगते हुए बोली, "daddy, रिमोट आपके पास ही है। वैसे मैं बहुत गुस्ताखियां करने वाली हूं नीचे, अगर आप चाहे तो मुझे सजा दे दीजिएगा वह भी अपने तरीके से। अगर आप अभी tongue fuck नहीं करना चाहते। it's okay daddy, fine but please I want your punishment and you know what I mean."
उसकी बात सुनकर रेयांश के जबड़े और भी ज्यादा कस गए। अब उसने अपने चेहरे को एक्सप्रेशन लैस किया और धीमी और सर्द आवाज में बोला, "गेट लॉस्ट।" इतना कहते हुए उसने आराध्या का हाथ पीछे किया और अगले ही पल दरवाजा जोर से बंद कर दिया। जिससे एक पल के लिए आराध्या की आंखें बंद हो गई। लेकिन अगले ही पल उसके चेहरे पर बड़ी सी मुस्कराहट तैर गई। वह बेहद खुश होते हुए अपने कमरे की तरफ मुड़कर जाते हुए बोली, "एक दिन आप मुझे जरूर लाइक करेंगे डैडी, आई नो that."
इतना कहते हुए उसने अपने लोअर लिप को अंदर की तरफ दबा लिया था।
वहीं दूसरी तरफ,
पार्टी स्टार्ट हो चुकी थी और सभी वहां पर पहुंच चुके थे। दामिनी जी, सुमन और उसकी बेटी ध्रुविका भी वहां पर थी। लेकिन सुमन के पति अभी तक पार्टी में नहीं आए थे। जिस वजह से सुमन का चेहरा पूरी तरह से मुरझाया हुआ था। उसे बिल्कुल भी अच्छा नहीं लगता था, जब उसका पति किसी पार्टी में इंवॉल्व नहीं होता था। वैसे तो ज्यादातर वह सुमन के साथ दिखाई देता ही नहीं था, लेकिन आज भी वह इस पार्टी में नहीं आया था। दूसरी तरफ रेयांश, जोकि तैयार होकर अब सीढ़ियों से होते हुए नीचे की तरफ आया। उसकी नजरें अब एक बार फिर से आराध्या को ढूंढ रही थी, जो कि अभी तक पार्टी में आई ही नहीं थी। वह बार-बार इधर-उधर देखते हुए नीचे की तरफ आया। तभी एक लड़की की आवाज उसके कानों में पड़ी।
"Hey baby, finally तुम मान गए। मुझे पूरा यकीन था कि तुम एक न एक दिन हमारी इंगेजमेंट के लिए जरूर मानोगे।" यह कोई और नहीं, रेयांश की फिआंसे सारिका थी। सारिका आगे की तरफ आई और अगले ही पल, रेयांश के गले लगने को हुई। इससे पहले कि वह गले लगाती, रेयांश उसे हाथ दिखा कर रोकते हुए बोला, "देखो, मेरी बात सुनो। अभी नहीं, फिलहाल के लिए यहां पर बहुत मेहमान है। And you know this touching type feeling I don't like so please stay away from me."
रेयांश की बात पर एक पल के लिए सारिका के चेहरे पर अजीब से एक्सप्रेशन आ गए। एक पल के लिए उसके जबड़े पूरी तरह से कस गए थे। जैसे रेयांश की बात उसे बिल्कुल भी पसंद ना आई हो। वही रेयांश उसे तो जैसे सारिका से कोई मतलब ही नहीं था। वह बस इधर-उधर नजरे दौड़ा रहा था। जैसे किसी को ढूंढ रहा हो। तभी सीढ़ियों से उतरते हुए आराध्या नीचे की तरफ आई। उसे देखकर एक पल के लिए रेयांश की नजरे उस पर ठहर सी गई, क्योंकि उसने अब अपने कपड़े चेंज कर लिए थे। इस वक्त उसने व्हाइट कलर का गाउन, जिसमें से कोई भी स्प्लिट नजर नहीं आ रही थी। लेकिन उसकी बाहें तक पूरी तरह से कवर थी और वह हाई नेक थी। इस वक्त हाई मेकअप होने की वजह से आराध्या का कोई भी अंग उसमें से दिखाई नहीं दे रहा था। उसमें वह उतनी ही ज्यादा खूबसूरत भी लग रही थी। ऊपर से उसने जो मेकअप किया था, वह उसे पर और भी ज्यादा जच रहा था। डार्क रेड कलर की लिपस्टिक और ऊपर से हल्की सिमरी व्हाइट कलर की आईशैडो, उस पर ऐसा लग रहा था, जैसे सारा नूर बस भगवान ने इस पर बरसा दिया हो। बाल पूरी तरह से खुले थे।
इस वक्त वह किसी परी से कम नहीं लग रही थी। वहीं दूसरी तरफ सारिका की नजरे भी एक पल के लिए उस पर ठहर चुकी थी। अगले ही पल, वह रेयांश की तरफ देखने लगी। रेयांश की नजरे आराध्या पर पाकर उसे एक अजीब सी वाइब आ रही थी, जिस तरह से रेयांश आराध्या को देख रहा था। इसीलिए वह अब रेयांश के पास आई और अगले ही पल उसने उसका हाथ पकड़ना चाहा, तो रेयांश उसे सर्द नजरों से देखते हुए बोला, "मैंने तुम्हें कहा है ना, आई डोंट लाइक कि कोई मेरा हाथ पकड़े।" इतना कहते हुए उसने लगभग से अपना हाथ छुड़ा लिया था।
इतना कह कर रेयांश अब वहां से जाकर अपने बिजनेस पार्टनर के साथ खड़ा हो गया। लेकिन उसकी नज़रें अभी भी आराध्या पर टिकी हुई थी, जोकि अब बार काउंटर की तरफ जाने लगी थी। उसे बार काउंटर की तरफ जाता हुआ देखकर रेयांश की नजरे आराध्या पर सर्द हो गई थी। दूसरी तरफ आराध्या, जोकि साफ महसूस कर सकती थी कि रेयांश की नजरे उस पर है, उसने एक बार भी अब रेयांश की तरफ नहीं देखा था। वह अब बार काउंटर पर आकर बैठी और वहां पर ड्रिंक करने ही वाली थी कि तभी पीछे से खिल खिलाती हुई आवाज आराध्या के कानों में पड़ी। यह आवाज किसी और की नहीं, बल्कि सक्षम ने आते ही आराध्या की कमर पर हाथ रखा और उसे लगभग से दबाते हुए बोला, "क्या बात है अकेले-अकेले।" जैसे ही उसने यह बात कही, आराध्या उसे सर्द नजरों से देखते हुए बोली, "पहले तो अपना हाथ हटाओ, और तुम्हारा हाथ जा कहां रहा है।" तभी सक्षम उसे देखते हुए बोला,
"अरे यार बेबी, कैसी बातें कर रही हो? यह बात तो आजकल नार्मल हो चुकी है। कमर पर हाथ ही तो रखा है और वैसे भी।" इतना कहकर सक्षम चुप हो गया, लेकिन आराध्या की आईब्रो ऊपर की तरफ उठ चुकी थी। वह अब सक्षम की तरफ देखते हुए बोली, "लेकिन क्या?" दूसरी तरफ रेयांश, जिसने अभी-अभी सक्षम को आराध्या की कमर को हाथ रखते हुए देखा था, उसकी पकड़ अपने हाथ में पकड़े हुए गिलास पर कस चुकी थी। उसे हद से ज्यादा गुस्सा आ रहा था। उसकी नज़रें अब सक्षम और आराध्या पर ठहर चुकी थी, जो एक दूसरे के साथ बातें कर रहे थे। लेकिन आराध्या का चेहरा पूरी तरह से नॉर्मल नजर आ रहा था। ऐसा लग रहा था, जैसे वह नॉर्मल वे में सक्षम से बात कर रही थी। तभी स्टेज पर एक अनाउंसमेंट शुरू हुई, जहां पर स्टेज पर डांस परफॉर्मेंस की अनाउंसमेंट की गई, जोकि इंगेजमेंट कपल्स की थी। उस अनाउंसमेंट को सुनकर रेयांश की नजर अब स्टेज पर गई, जहां पर सारिका खड़ी थी। जिसने वह अनाउंसमेंट करवाई थी। उस अनाउंसमेंट को सुनकर रेयांश का गुस्सा और भी ज्यादा बढ़ गया।
लेकिन कुछ सोचते हुए उसने आराध्या को देखा और फिर उसके होठों के कोने मुड़ गए। अगले ही पल, वह अपनी जगह से खड़ा हुआ और अपने कदम स्टेज की तरफ बढ़ा दिए, जहां सारिका खड़ी थी। दूसरी तरफ सारिका, जिसकी नजरे अब रेयांश पर थी, रेयांश को देखकर उसका दिल जोरो जोरो से धड़क रहा था। वही रेयांश सारिका के पास आकर खड़ा हुआ और अगले ही पल उसने सारिका की कमर पर हाथ रख दिया। सारिका की कमर पर हाथ रखते ही आराध्या की नजरे रेयांश की तरफ उठ गई। एक पल के लिए आराध्य को ऐसा लगा, जैसे किसी ने उसके दिल को आग लगा दी हो। उसके जबड़े पूरी तरह से कस चुके थे। अगले ही पल, उसने सामने पड़ी हुई वोदका की शॉट, जो कि लगभग से 15 16 थी, उसे उठाकर पीना शुरू कर दिया। उसकी नज़रें लगातार रेयांश पर बनी हुई थी, जिसके हाथ सारिका की कमर पर थे। अब बैकग्राउंड पर म्यूजिक शुरू हुआ। रेयांश ने सारिका की तरफ देखकर गाना गाना शुरू किया। रेयांश की आवाज सुनकर वहां पर सभी हैरान थे, लेकिन आराध्या का चेहरा पूरी तरह से एक्सप्रेशन लेस था। वह लगातार उस शॉट्स के भरे हुए गिलासों को, जो कि छोटे-छोटे थे, वह लगभग से पी रही थी और उसकी लाल आंखें रेयांश पर थी
सुबह सुबह सुबह सुबह तेरी यादें
सुबह सुबह सुबह सुबह दिन बना दें
तू मेरी खिड़कियों पे बिखरे दिन बनके
तू मुझपे धूप सा है गिरता छन छन के
छन छन के
लेकिन रेयांश लगातार सारिका की तरफ देख रहा था। उसकी कमर पर हाथ रखते हुए उसे पूरी तरह से हिला रहा था। दूसरी तरफ सक्षम आराध्या को देख रहा था। वह हैरान था कि किस तरह से आराध्या इतने शॉर्ट्स पी रही थी। वह उसे रोकते हुए बोला, "रुक जाओ, रुक जाओ बेबी, यह बहुत ज्यादा है।" उसकी बात आराध्या को तो सुनाई ही नहीं दे रही थी। वह लगातार रेयांश की तरफ देख रही थी और उन शॉर्ट्स को अपने गले के नीचे उतारे जा रही थी। तभी सक्षम ने उसके हाथ से गिलास पकड़ा, तो आराध्या ने सक्षम की तरफ देखा। जैसे ही आराध्या ने सक्षम की तरफ देखा, तभी रेयांश ने अपनी नज़रें आराध्या पर टिका दी। वह अगले लिरिक्स गुनगुनाने लगा।
तू इश्क़ है तो मैं बाहों में हूं
बाहों में हूं तो पनाहों में हूं
काजल हूं तो मैं निगाहों में हूं
तू है तो मैं हूं
कसमें वादे क्यों? तू है तो मैं हूं
बस मैं तेरा हूं तू है तो मैं हूं
सीने पे लिख लूं तू है तो मैं हूं
तू है तो मैं हूं
कसमें वादे क्यों? तू है तो मैं हूं
बस मैं तेरा हूं तू है तो मैं हूं
सीने पे लिख लूं तू है तो मैं हूं
तू है तो मैं हूं
एक मुट्ठी ख्वाहिशों की तेरे आगे खोल के
ज़िंदगी भर चुप रहूंगा बातें दिल की बोल के
ना तेरे साये पे भी आए कोई आंच, दुआ मांगूं
मैं सदके मैं तेरे अपनी खुशी दे दूंगा तोल के
सुबह सुबह सुबह सुबह तेरी यादें
सुबह सुबह सुबह सुबह दिन बना दें
मैं तेरा शौक़ हूँ, आ, पूरा कर मुझको
दुबारा फिर कहूँ, आ, पूरा कर मुझको, हक़ तुझको
तू रंग में तेरी पहचान हूं पहचान हूं मैं तेरी जान हूं
मैं कोई तेरा ही अरमान हूं तू है तो मैं हूं
रसमों को भूलूँ, तू है तो मैं हूँ
मैं तुझमें जी लूँ, तू है तो मैं हूँ
सीने पे लिख लूँ, तू है तो मैं हूँ
तू है तो मैं हूँ
लिरिक्स सुन कर अगले ही पल आराध्या ने एक बार फिर से नजरे उठाकर रेयांश की तरफ देखा, तो रेयांश ने अपनी नज़रें घुमा कर दोबारा से सारिका पर जमा दी। वहीं सारिका भी हैरान थी कि कैसे रेयांश ने पहले अपनी नज़रें आराध्या पर घुमाई थी और अब दोबारा से उसकी नज़रें सारिका पर आ चुकी थी। अब वह सारिका को देखकर ही गीत गुनगुना रहा था। दूसरी तरफ, आराध्या का दिल और भी ज्यादा जल रहा था। वह सक्षम की तरफ देखकर बोली, "मेरे साथ डांस करना चाहोगे।" सक्षम का चेहरा पूरी तरह से खिल गया। वह लगभग से खुश होते हुए बोला, "जरूर।" इतना कहते हुए उसने अपना हाथ आराध्या की तरफ बढ़ाया। वही आराध्या ने उसका हाथ कसकर पकड़ा और अगले ही पल जोर से अपनी हिप पर रख लिया। अगले ही पल, सक्षम का हाथ अपनी हिप पर दबाया, जिससे रेयांश की नजरे आराध्या पर आ गई। उसके जबड़े पूरी तरह से कस गए। उसके दांत इस वक्त पीस चुके थे। उसकी पकड़ सारिका की कमर पर कसती जा रही थी। जिस वजह से सारिका को अपनी कमर में दर्द होने लगा था।
वही सक्षम आराध्या को लेकर स्टेज पर आया और उसके साथ डांस करने लगा। आराध्या भी अब लिरिक्स गुनगुनाते हुए सक्षम के साथ डांस कर रही थी। इस वक्त उसकी आंखों से पता चल रहा था कि आराध्या को वोडका किस हद तक चढ़ चुकी थी। वह अपनी लिरिक्स गुनगुनाते हुए लगभग से घूमते हुए सक्षम के साथ डांस कर रही थी। अगले ही पल सक्षम का हाथ उसकी कमर पर आया, जिससे रेयांश का गुस्सा जैसे और भी ज्यादा फूट पड़ा।
झूठे जुदाइयां झूठे बिछोड़े
याद किसी का हाथ न छोड़े
याद कहे ये हमसे अक्सर
तू है तो मैं हूँ
तो मैं हूँ
तू है तो मैं हूँ
आ, मैं हूँ
तू है तो मैं हूँ, मैं हूँ
तू है तो मैं हूँ मैं हूँ मैं हूँ तू है तो मैं,,
अपना लिरिक्स गाते हुए आराध्या घूमते हुए स्टेज से गिरने को हुई थी कि तभी सक्षम उसे संभालने को हुआ, लेकिन उससे पहले ही रेयांश ने उसके कंधे पर हाथ रखकर उसे दूर किया। अगले ही पल, आराध्या की कमर पर अपना हाथ रखकर उसे संभाल लिया। यह चीज देखकर सक्षम अपनी बड़ी-बड़ी आंखों से रेयांश को देखने लगा। वही सारिका के जबड़े पूरी तरह से कस चुके थे। वही रेयांश ने उसे गोद में उठाया और सक्षम की तरफ देखते हुए बोला, "तुम्हें पता नहीं चल रहा है कि तुम्हारी दोस्त ने कितनी ज्यादा पी ली है और तुम इसे पीने दे रहे हो।" वही दादी सामने खड़ी यह चीज देख रही थी। उसने भी अब सक्षम की तरफ देखा और बोली, "सक्षम, तुम्हें ध्यान रखना चाहिए था उसका " अभी वह बोल ही रही थी कि तभी रेयांश गुस्से में सब की तरफ देखते हुए बोला, "पार्टी ओवर, इंगेजमेंट पोस्टपोन हो चुकी है। आज इंगेजमेंट नहीं होगी।" वही दामिनी जी तो बस हैरानी से रेयांश की तरफ देखते ही रह गई। दूसरी तरफ रेयांश आराध्या को लेकर अब ऊपर जा चुका था।
किसी में इतनी हिम्मत नहीं थी कि रेयांश को रोक सके। वही आराध्या अब पूरी तरह से नशे में थी। उसकी आंखें कभी बंद हो रही थी, तो कभी खुल रही थी। वह ठीक से खड़ी भी नहीं हो पा रही थी। कुछ ही देर में, रेयांश उसे कमरे में लेकर आया और अगले ही पल उसने उसे बिस्तर पर पटक दिया। जैसे ही रेयांश ने आराध्या को बिस्तर पर पटका, तो एक पल के लिए आराध्या की आह निकल गई। क्योंकि रेयांश ने उसे बहुत जोर से बिस्तर पर पटका था। अब उसकी नज़रें आराध्या पर और भी ज्यादा गहरी हो गई थी, जिसे कोई भी होश नहीं था। आराध्या उसकी तरफ देखते हुए बोली, "क्यों लेकर आए अब आप मुझे वहां से? बहुत शौक था ना उसकी कमर पर हाथ डालते हुए डांस करने का। करिए, मुझे भी सक्षम के साथ डांस करना है। वह भी मेरी कमर पर हाथ लगाएगा, मेरी हिप पर हाथ लगाएगा।"
इतना कहते हुए वह अपनी हिप को खुद ही दबाए जा रही थी। उसकी हरकत से रेयांश की आंखें लाल होती जा रही थी। उसके जबड़े पहले ही कसे हुए थे। अब उसने अपनी पॉकेट में हाथ डाला और अगले ही पल, उसने जो अपने पॉकेट से निकाला, एक पल के लिए आराध्या की आंखें बड़ी हो गई। क्योंकि उसने अपनी पॉकेट में से वही रिमोट निकाला था, जो कि आराध्या के अंदर इंजेक्ट डिवाइस का था। जो डिवाइस उसने पार्टी में जाने से पहले खुद ही अपने अंदर इंजेक्ट किया था, ताकि रेयांश उसकी की हुई गुस्ताखियां की उसे सजा दे सके। वह भी देखना चाहती थी कि रेयांश को उससे कितना फर्क पड़ता है। रिमोट को देखकर एक पल के लिए आराध्या की धड़कनें रुक सी गई। वहीं रेयांश के चेहरे पर इस वक्त डेविल एक्सप्रेशन आ चुके थे। एक पल के लिए आराध्या की आवाज उसके गले में अटक चुकी थी। अभी कुछ देर पहले वह नशे में थी और एक पल के लिए ऐसा लग रहा था, जैसे उसका नशा पूरी तरह से हवा हो चुका हो।
To be continue....





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