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Intmacy 🔞🔞🔞

Mumbai

Hotel peradise ,,

इसी होटल के एक रूम में एक लड़का एक लड़की के साथ लगातार इंटिमेट होते हुए अपनी dick को पूसी में डालते हुए चिल्लाते हुए बोला, "ले मेरा लौड़ा ले, अंदर तक ले।" इतना कहते हुए वह लगातार उसके अंदर अपना dick thrust कर रहा था। वह लड़की, जोकि नीचे लेटी हुई थी, वह लगातार रोए जा रही थी। उस लड़की की उम्र देखने में ही बहुत ज्यादा कम लग रही थी। ऐसा लग रहा था कि वह लड़की महज 16 साल की थी। वही वह शख्स लगातार उस लड़की की पूसी में खुद को thrust करते हुए बोला,

"तुम बहन की लोड़ी लड़कियां होती ही बजाने के लिए हो। तुम लोगों का बदन, आए हाय, जितना नोचो उतना मजा आता है। मेरा लौड़ा जब तुम्हारी भोंसड़ी के अंदर जाता है, साला अलग ही स्वर्ग में पहुंच जाता है।" इतना कहते हुए लगातार अपना dick उसके अंदर रफ़्ली थ्रस्ट कर रहा था। साथ ही साथ उसके छोटे छोटे boobs पर spank कर रहा था।

जिस वजह से उसके boobs पूरी तरह से लाल पड़ चुके थे। वो लड़की लगभग चिल्लाए जा रही थी। उन्हें देख कर लग रहा था कि वो शख्स काफी देर से उसके साथ इंटीमेट हो रहा है। अब उस लड़की की पूसी भी सूज कर ऊपर की तरफ उभर चुकी थी। देखने से ही पता लग रहा था कि वह लड़की हद से ज्यादा पीड़ित थी। वह लगातार रोते हुए ना में सिर हिलाते हुए अपने हाथ को हिला रही थी। ऐसा लग रहा था वह लड़की जैसे बोल नहीं पा रही हो। उसको इस तरह से अपना ना में सिर हिलाता देख वह शख्स, जो की मथुरा का सरपंच अभय ठाकुर था, उसने उस लड़की के बालों को मुट्ठी में भरते हुए उसके गाल पर थप्पड़ मारते हुए बोला,

"साली बहन चोद, भोसड़ी की, तू अभय ठाकुर को मना करेगी, अभय ठाकुर को। अभय ठाकुर जिसको चाहे, उसको खरीद ले। अब तू और पछताने वाली है।" उसकी बात सुनकर वह लड़की ओर भी ज्यादा डर गई। अब अभय ठाकुर ने उस लड़की को उल्टा कर लेटाया और उसकी ass को अपने हाथों में भरकर पूरी तरह से खोला। फिर अपना dick उसकी pussy से निकाल कर ass पर रख अंदर की तरफ thrust कर दिया। जिससे उस लड़की की चीख उस कमरे में ओर भी तेजी से गूंज गई।

अब अभय ठाकुर ने उसके बालों को मुट्ठी में भरा और उसकी कमर को पकड़कर अपने dick को लगातार उसकी ass में जोर-जोर से पुश करते हुए लगातार चिल्लाते हुए बोला, "साली madrchod, हरामजादी कुत्तियां, तुम जैसी लड़कियां होती ही साला लंड लेने के लिए हो।" इतना कहते हुए वह लगातार अपना डिक उसकी ass में जोर-जोर से thrust कर रहा था। जिससे लड़की की हालत ओर भी खराब होने लगी थी। साथ ही साथ में अभय उसकी ass पर spank किए जा रहा था।

अभय का हाथ इतना भारी था कि वह अपनी बैक पर बर्दाश्त नहीं कर पा रही थी। जिससे उसकी लगातार चीखे उस कमरे में गूंज रही थी। अभय ने उसके बालों को ओर भी कसकर मुट्ठी में भरा और उसके ऊपर झुकते हुए उसके कान के पास आकर गुस्से में चिल्लाते हुए बोला, "साली भोंसड़ी की, तेरी मां ने तुझे बेच दिया। पिछले 1 साल में जब से तेरी सील टूटी है, तब से लेकर अब तक रो ही रही है। तेरा दर्द कम नहीं हुआ।" इतना कहते हो उसने ओर जोर से खुद को उसकी तरफ पुश किया जिससे वह लड़की चिल्लाते हुए बोली, "बाबू साहब, दर्द हो रहा है। प्लीज रुक जाइए, हमें बहुत ज्यादा दर्द हो रहा है।"

तभी अभय चिल्लाते हुए बोला, "साली चुप, रंडियां कहीं की, रंडीबाज, मैं तुम जैसी लड़कियों को बहुत अच्छी तरह से जानता हूं। लौड़ा लेकर खुश तो बहुत होती हो, लेकिन मर्द के सामने दिखावा करती हो।" इतना कहते हुए अब उसने अपना डिक उसकी ass में से निकाला। अगले ही पल उसके बालों को मुट्ठी में भरकर उसका चेहरा अपनी कमर पर झुकाया। अगले ही पल अपने dick को अपने हाथ में पकड़ कर उसके मुंह में डाल दिया। जिससे उस लड़की की आंखें बाहर तक आ गई। अब वह लड़की की बॉडी पूरी तरह से शिवर कर रही थी।

वही अभय को तो जैसे कोई फर्क ही नहीं पड़ रहा था। दिखने में तो अभय हद से ज्यादा हैंडसम था। लेकिन ऐसे हैंडसम होने का क्या ही फायदा, जहां पर आप किसी की इज्जत ही नहीं कर सकते। वह लगातार अपनी डिक को उसके मुंह में ट्रस्ट करते हुए अब ग्रेल करने लगा था।

Aaaahhhhhhh madrchod, लगता है तूने अपने मुंह में होटल लगा कर रखा हुआ है।aaahhhhhhhhhh अंदर तक ले मेरा लौड़ा, अंदर तक, Aaaaaaaaaahhhhhhhhh रंडिया aaahhh"

इतना कहते हुए अभय ने अपना सारा सीमन उसके मुंह में डाल दिया था। वही वह लड़की की आंखों से आंसू अब और भी तेजी से बहने लगे। अभय ने उसके सिर को पीछे कर उसे बिस्तर पर धक्का दे दिया। वह उसको रोता हुआ देखकर बोला, "धत्त, madrachod साली कुत्तिया, दिल तो करता है मुंह पर तेरे पर पेशाब कर दूं, मनहूस कहीं की।" इतना कहकर अभय अंदर की तरफ चला गया।

वह अंदर जाकर शॉवर के नीचे खड़ा हो गया। इस वक्त अभय शॉवर के नीचे खड़ा था और उसकी आंखें इस वक्त हद से ज्यादा लाल थी। देखते ही देखते अभय ने अपने हाथों की मुट्ठियां कस ली और चिल्लाकर उसने अपना हाथ दीवार पर दे मारा। देखते ही देखते वह लगातार बॉथरूम वॉल पर अपने पंच पर पंच मारता रहा, जब तक उसके हाथों से खून नहीं निकल आया।

अब उसने अपनी आंखें कसकर बंद कर ली, जैसे कि किसी सुकून की तलाश में हो। वह चुपचाप शॉवर के नीचे खड़ा भीगता रहा। लेकिन उसके हाथों से निकलता हुआ खून शॉवर की बूंदों से नीचे की तरफ बहता रहा। वही बाहर लेटी हुई लड़की, जिसका नाम सावरी था, वह अब बेजान सी सीलिंग की तरफ देख रही थी।

इस वक्त इस लड़की को ऐसा लग रहा था, जैसे उसके बदन में जान ही ना हो। हो भी कैसे सकती थी, अभय इतनी ब्रूटली उसके साथ इंटीमेट जो हुआ था। अब उससे बेड से उठा भी नहीं जा रहा था। उस लड़की की ass में से ब्लड निकल रहा था, जो की बेडशीट पर भी लग चुका था। उस लड़की का मासूम सा चेहरा रो-रो कर लाल पड़ चुका था। गोरा रंग, हॉट पतले, वह लड़की हद से ज्यादा खूबसूरत थी।

वह लड़की रोते हुए बोली, "आपने गलती कर दी अम्मा, हमें जल्लाद के गले बांध दिया।" इतना कहकर वह लड़की फूट-फूट कर रोने लगी।

To be continue.....

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