
त्रेहान इंडस्ट्रीज,
अरमान ने अभी- अभी अश्की को एक इंजेक्शन दिया था, जिससे अश्की शायद ज्यादा गहरी नींद में जाने लगी थी. वह तब तक नहीं उठने वाली थी, जब तक अरमान ना चाहे. दूसरी तरफ अरमान ने एक नजर उसकी तरफ देखा और धीरे से बडबडाया, अगर यह सच्चाई हुई, तो मैं तुम्हारे लिए दुनिया जलाकर राख कर दूंगा. इतना कहते हुए अरमान की आंखें बेहद आग उगल रही थी. अब उसने अश्की के सिर पर हाथ फेरा और उसके चेहरे को गौर से देखते हुए उसके माथे को चूम लिया. आज पहली बार था कि अरमान ने इतने प्यार से शायद उसके माथे को चुम्मा होगा. अब वह एक बार फिर से सीधा खडा हुआ और वहां से निकल गया.
ऐसे ही अरमान लिफ्ट में आया और ग्राउंड फ्लोर पर आकर ड्राइविंग एरिया में जाकर अपनी गाडी ली और वहां से निकल गया. अरमान के जाते ही वहां पर खडा एक बॉडीगार्ड, जो उसकी गाडी को गहरी नजरों से देख रहा था, उसने अब अपनी पॉकेट से फोन निकाला और किसी को अपने फोन से फोन लगा दिया.
तकरीबन पंद्रह बीस मिनट बाद त्रेहान इंडस्ट्रीज के सामने एक गाडी आकर रुकी. अभी सुबह के सिर्फ पांच ही बजे थे. उसे गाडी में से एक औरत बाहर निकली और उसने इस वक्त एक साडी पहनी हुई थी. बालों का जुडा बना रखा था. ये औरत कोई और नहीं, बल्कि नियति जी थी. नियति जी ने अब इधर- उधर देखा और देखते ही देखते वह लिफ्ट में चली गई.
कुछ ही देर में वह अरमान के प्राइवेट Room में अश्की के सामने खडी थी और उसे गहरी नजरों से देख रही थी.
वहीं दूसरी तरफ,
अरमान इस वक्त जावेद के सामने खडा था और उसे अपनी सर्द नजरों से देखते हुए बोला, एक एक लफ्ज मुझे डिटेल में चाहिए. वही जावेद सिर झुकाते हुए बोला, लेकिन बॉस, आप इसमें भी तो जान ही सकते हैं. उसने इतना ही कहा था कि तभी अरमान गुस्से से दांत पीसकर बोला, लगता है आजकल सभी को मेरी नाफरमानी करने की आदत पड चुकी है. यह मत भूलो कि तुम एक नौकर हो और मैं तुम्हारा बॉस हूं. कुत्ते बहुत से पाले है मैंने, जोकि काफी वफादार भी हैं. अगर कहो तो उन्हें अपना.
अरमान इतना ही कहा था, लेकिन जावेद को उसकी बात का हद से ज्यादा बुरा लगा था. उसके हाथों की मुट्ठियां कस गई थी, लेकिन उसने अरमान से कुछ नहीं कहा. अब उसने अपनी बात अरमान के आगे कहनी शुरू की. वह अरमान की तरफ देखकर बोला, पहली बात तो यह boss, जिस दिन अश्की मैम आपसे मिली थी, उन्हें कुछ भी याद नहीं था. वह आपको बिल्कुल भी नहीं पहचानती थी. जावेद की बात सुनकर अरमान की आंखें बडी हो गई. वह जावेद के चेहरे की तरफ देखने लगा. तभी जावेद हां में सिर हिलाते हुए बोला, जिस दिन आपकी मॉम का वो सब हुआ, उसी दिन ही अश्की मैम के सिर पर इतनी ज्यादा गहरी चोट लगी थी कि उन्हें अपने पास्ट का कुछ भी याद नहीं है.
और यह चोट देने वाले भी अश्की के dad जयवंत थे.
उस दिन जब, अश्की mam का पंद्रह वां जन्म दिन था, जब आप कनाडा जा रहे थे और आप उन्हें मिलकर जा रहे थे. उसकी बात पर अरमान उसी दिन में खो गया, जब अश्की का जन्मदिन था. वह अश्की का पंद्रह जन्मदिन और उस दिन अरमान अश्की से अपने दिल की बात करने के लिए अरोडा मेंशन गया था. उसी दिन अरमान को कनाडा जाना था, लेकिन वह यह मौका गवाना नहीं चाहता था. तब अरमान बाईस साल का था. यहां तक कि उसे अपनी पूरी होश थी. लेकिन उसे नहीं पता था कि अरोडा मेंशन में कुछ ऐसा होने वाला है, जो पूरी तरह से उसकी जिंदगी बदलने वाला था.
उसे अपनी पढाई पूरी करने के लिए कनाडा जाना था और यही बात आज उसे अश्की को भी बतानी थी. हो सकता था कि अश्की उसके जाने से निराश हो जाती. दूसरी तरफ अश्की अरोडा मेंशन में मिरर के सामने बैठी हुई थी. वह बेहद खूबसूरत लग रही थी. उसकी एज के मिताबिक वह बिल्कुल दुबली पतली, लंबे बाल और उसकी वह ग्रीन आइज, उसे अलग ही लुक देती थी. वह किसी प्रिंसेस से कम नहीं लग रही थी. कुछ देर मिरर में खुद को देखने के बाद उसकी नजर बार- बार बालकनी पर जा रही थी. जैसे किसी का इंतजार हो कि कोई बालकनी से उससे मिलने आएगा. लेकिन उस वक्त वहां पर कोई नहीं आया, इसीलिए अश्की पूरी तरह से मायूस हो गई. वह अपनी जगह से खडी हुई और उसने बालकनी में जाकर इधर- उधर देखा, तो उसे कोई नजर नहीं आया.
जिस वजह से उसका चेहरा और भी ज्यादा मायूस हो चुका था. तभी एक सर्वेंट उसके Room में आई और वह अश्की को बुलाते हुए बोली, अश्की मैडम, नीचे पार्टी शुरू हो चुकी है और त्रेहान फैमिली भी आ चुकी है. इतना कहते हुए उस सर्वेंट के चेहरे पर छोटी सी मुस्कुराहट थी. सर्वेंट की बात सुनकर अश्की का चेहरा पूरी तरह से खिल गया. वह जल्दी से चहकते हुए बोली, सच में. उसकी बात पर सर्वेंट ने हां में सिर हिलाया. तभी अश्की धीमी सी आवाज में बोली, क्या वह भी आ गए? अश्की के मुंह से वह भी आ गए सुनकर सर्वेंट हल्का सा हंसी और बोली, आए गए होंगे छोटा भीम साहब, बिकॉज मैंने तो उनको नहीं देखा है.
उनकी पूरी फैमिली नीचे नजर आ रही थी, लेकिन वह नहीं नजर आए. सर्वेंट की बात सुनकर अश्की का चेहरा एक बार फिर से मायूस हो गया. उसका मायूस चेहरा देखकर उस सर्वेंट को अश्की पर हद से ज्यादा प्यार आ रहा था, क्योंकि वह बहुत ज्यादा मासूम थी और छोटी- छोटी बात पर ही उसका चेहरा मायूस हो जाता था. आज भी बिल्कुल वैसा ही हुआ था. अरमान के ना आने पर अश्की का जो चेहरा थोडी देर पहले हद से ज्यादा खिला हुआ था, अरमान की इंतजार करते- करते और अब वह पूरी तरह से मुरझा चुका था. अब वह सर्वेंट की तरफ देखकर मुंह बनाते हुए बोली, तो जाओ तुम भी, मुझे भी किसी का इंतजार नहीं है और मैं भी पार्टी वगैरा में नहीं आऊंगी. कोई केक cut वगैरा नहीं करूंगी. मुझे कुछ नहीं चाहिए.
अगर उन्हें मेरी फिक्र ही नहीं है, मैं क्यों काटू केक, मुझे नहीं काटना केक वेक. इतना कहते हुए लगभग से अपने हाथों को फोल्ड कर वहीं बेड पर मुंह फुला कर बैठ गई. तभी उसके कानों में किसी की आवाज पडी. उस आवाज को सुनकर अश्की के दिल की धडकन एक पल के लिए स्किप हो गई, क्योंकि यह आवाज किसी और कि नहीं अरमान की थी. अरमान की आवाज सुनकर ही अश्की के रोंगटे खडे हो चुके थे. अरमान अपनी गहरी आवाज में बोला, ऐसे कैसे नहीं मनाओगी तुम अपना बर्थडे और कैसे नहीं काटोगी केक.
वही सर्वेंट, जिसने पलट कर पीछे की तरफ देखा, तो बालकनी में अरमान खडा था और बालकनी में अरमान को खडा हुआ देखकर एक पल के लिए सर्वेंट की आंखें बडी हो चुकी थी. लेकिन तभी सर्वेंट ने अपनी नजरें पूरी तरह से नीचे की तरफ झुका ली. क्योंकि वह अरमान से बहुत ज्यादा डरती है. अरमान कोल्ड Heart तो शुरू से ही बहुत ज्यादा था. इसीलिए अरोडा मेंशन के भी नौकर अरमान से हद से ज्यादा डरते थे. उनमें से अश्की की फेवरेट मेड भी अरमान से हद से ज्यादा डरती थी.
मेड अपना sir झुका कर वहां से जाने को हुई कि तभी अरमान कोल्डवॉइस में बोला, ध्यान रहे, ऊपर कोई आना नहीं चाहिए. अरमान की बात पर उस मेड ने जल्दी से हां में सिर हिलाया और हडबडी में फटाफट वहां से निकल गई. दूसरी तरफ अरमान की अब गहरी नजरे अश्की पर थी, जो उसे देखकर खुद में ही सिमटने लगी थी. वह लडखडाती हुई आवाज में बोली, वह मैं वो. इतना कहते हुए उसकी आवाज लगभग से लडखडाने लगी थी. वह अपने कदम पीछे की तरफ लेने लगी थी. वही अरमान अब उसकी तरफ कदम बढाते हुए बोला, मैं वह क्या? यहां कोई अपना बर्थडे सेलिब्रेट ना करने की बात कर रहा था. उसकी बात पर अश्की ने अपना चेहरा पूरी तरह से झुका लिया. वह अपनी बारीक सी आवाज में बोली, क्या करूंगी मना कर, जिसमें आप ही ना होंगे.
अश्की की बात सुनकर एक पल के लिए अरमान का दिल तेजी से धडक उठा. उसकी नजर अश्की के चेहरे पर ठहर चुकी थी. जहां उसकी नजरें तो पूरी तरह से झुकी हुई थी, लेकिन उन नजरों में आई हुई नमी अरमान से बच नहीं पाई थी. उसकी नमी को देखकर अरमान सर्द आवाज में बोला, आई डोंट लाइक दैट, You नो ना. उसकी बात सुनकर अश्की ने जल्दी से अपनी नमी को अपनी आंखों में सोख लिया और अपनी नजरें अरमान की तरफ उठाते हुए बोली, आप इतनी देर से क्यों आए? अश्की की बात सुनकर कुछ देर अरमान चुप रहा.
अरमान की चुप्पी को देखकर अश्की एक पल के लिए बेचैन हो उठी. उसे पता नहीं क्यों, अरमान की चुप्पी बहुत अजीब लग रही थी. वही अरमान अब उसके गाल पर हाथ रखते हुए उसके गाल को बडे प्यार से सहलाते हुए बोला, जा रहा हूं. उसकी बात सुनकर अश्की का दिल धक सा रह गया. उसने जल्दी से अरमान का हाथ, जो उसके गाल पर था, अपने हाथ में लिया. अगले ही पल उसे देख रोते हुए बोली, आप कहां पर जा रहे है? एक बार फिर से उसका रोता हुआ चेहरा देखकर अरमान का चेहरा फिर से काला पडने लगा. उसका काला पडता हुआ चेहरा देखकर अश्की ने जल्दी से अपनी आंखों को एक बार फिर से पोंछते हुए बोली, बोलिए ना, बताइए ना, आप कहां पर जा रहे है?
अश्की की बात का अरमान ने कोई जवाब नहीं दिया और उसका हाथ पकडते हुए उसे बालकनी में लेकर जाने लगा. अश्की उसकी तरफ देखते हुए बोली, प्लीज, मुझे जवाब दीजिए ना, आप कहां पर जा रहे हैं? सुनिए ना मेरी बात, मुझे घबराहट हो रही है. मुझे अच्छा नहीं लग रहा है आपका ऐसा चुप रहना. मुझे बस आपकी यही चीज नहीं पसंद. जब देखो, आप अपनी बात को अधूरा छोड देते हैं. किसी दिन मुझे ही अधूरा मत छोड दीजिएगा. उसने इतना ही कहा था कि अरमान उसकी तरफ घुमा और अगले ही पल उसे दीवार से सटाते हुए उसने अपना हाथ उसकी गर्दन पर रखा, लेकिन उसकी गर्दन को दबाया नहीं था. उसके चेहरे पर लगभग से झुकते हुए बोला, अपनी आखिरी सांस तक तुम्हें छोडूंगा नहीं मैं, यह बात हमेशा याद रखना.
यह अरमान त्रेहान खत्म हो जाएगा, लेकिन तुम्हें अपने अंदर से खत्म नहीं होने देगा. उसकी बात सुनकर अश्की के एक पल के लिए रोंगटे खडे हो गए. लेकिन अगले ही पल वह उम्मीद भरी नजरों से उसकी तरफ देखते हुए बोली, तो बताइए ना, आप कहां पर जा रहे है? क्यों मुझे बेचैन कर रहे है? क्यों, मेरी जान निकाल रहे है. तभी अरमान उसके चेहरे पर एक बार फिर से हाथ रखते हुए बडे प्यार से बोला, जाना जरूरी है. अगर यहां पर रहा, तो अपनी हद भूल जाऊंगा. अभी तुम्हारी उम्र नहीं है.
उसकी बात पर अश्की ने उसके हाथ को अपने हाथ में पकडते हुए कहा, तो भूल जाइए अपनी हद, मुझे कोई दिक्कत नहीं है. मुझे आपके साथ रहना है. अश्की की बात सुनकर अरमान उसकी तरफ एक पल के लिए देखता ही रह गया. तभी अरमान उसके दोनों गालों को अपने हाथों में भरते हुए बोला, नहीं भूल सकता अपनी हद अभी, जानता हूं तुम मेरी हो और मेरी ही रहोगी. मैं तुम्हें किसी और की होने भी नहीं दूंगा. लेकिन फिलहाल मेरा जाना जरूरी है, क्योंकि यहां रहना अपनी लिमिट क्रॉस करना होगा. इतना कहते हुए वह पिछली रात के बारे में सोचने लगा, जब वह अश्की के कमरे में आया था. पिछली रात जब वह अश्की के कमरे में वह आया था, तब अश्की बिस्तर पर आराम से सो रही थी. रात के बारह बज चुके थे और पूरे अरोडा मेंशन की लाइट बंद थी.
अरमान बालकनी से अश्की के पास आया. अश्की इस वक्त बेहद गहरी नींद में सो रही थी. ऊपर से चांद की चांदनी उसके चेहरे पर झन कर पड रही थी. वह हद से ज्यादा कहर ढा रही थी. उसका खिला हुआ चेहरा देखकर अरमान उसकी तरफ मनमोहित हो चुका था. उसका दिल कर रहा था कि वह अश्की को खा जाए. लेकिन फिलहाल के लिए वह ऐसा कुछ भी नहीं कर सकता था. उसे अभी अपनी हद पता थी, क्योंकि अश्की अभी पंद्रह साल की थी और पंद्रह साल में वह अपनी लिमिट तो बिल्कुल भी क्रॉस नहीं कर सकता था. जब तक उसकी उन्नीस साल की नहीं हो जाती, वह उससे शादी नहीं करने वाला था यह उसने ठान रखा था. ऊपर से अश्की पूरी तरह से इन मैच्योर थी, तो यह रिस्क वह बिल्कुल भी नहीं ले सकता था.
अब अश्की के पास आया और अगले ही पल वह उसके सिराहने बैठते हुए उसके सिर को सहलाने लगा. अगले ही पल उसके माथे को चूमते हुए बोला, किसने कहा है, चांद को धरती के ऊपर उतारने के लिए. यहां तो धरती पर भी चांद बेदाग मिलते हैं. अभी तो आसमान के चांद में भी दाग होगा. इतना कहते हुए वह लगातार अश्की के चेहरे को निहार रहा था. तभी अश्की एक आंख खोलते हुए बोली, सच में, क्या मैं चांद जैसी हूं. उसकी बात सुनकर अरमान के होठों के कोने मुड गए. जैसे वह पहले से ही जानता था कि अश्की अभी सोई नहीं थी, सिर्फ सोने का नाटक कर रही थी. क्योंकि वह हर रोज अरमान से मिले बिना नहीं सोती थी. कमरे में थोडा बहुत अंधेरा था, लेकिन डिम लाइट ऑन होने की वजह से अरमान का चेहरा साफ दिखाई दे रहा था. लेकिन फिर भी अश्की उसकी मुस्कुराहट नहीं देख पाई.
उसने अब अरमान के गले में अपनी गोरी कलाइयां डाली. इस वक्त अश्की ने नाइटी पहनी हुई थी, जो कि उस पर बहुत ज्यादा खूबसूरत लग रही थी. वह नाइटी पूरी तरह से उसके बदन को ढके हुए थी. वह येलो Color की नाइटी, जिसकी बाहे पूरी तरह से स्लीवलेस थी. लेकिन गला भी उसी हिसाब से था, जिसमें से अश्की का कोई भी अंग नजर नहीं आ रहा था. ऊपर से उसके पैर भी पूरी तरह से ढके हुए थे. वह नाइटी इतनी लंबी थी कि अश्की को पूरी तरह से पैरों के अंगूठे तक को छू रही थी. वह गोल्डन Color की नाइटी उस पर इतनी ज्यादा खूबसूरत लग रही थी कि अरमान को ऐसा लग रहा था, जैसे आज उसका कंट्रोल खुद से छूट जाएगा. लेकिन फिर भी उसका दिल था कि वह अपने दिल को संभालने की पूरी पूरी कोशिश कर रहा था.
इस वक्त अश्की को देखकर जितना उसका दिल धडक रहा था, यह वही जानता था कि उसने खुद को कैसे कंट्रोल किया हुआ था. अब उसने बडे प्यार से अश्की के गाल पर हाथ रखा और बोला, सोई क्यों नहीं, hmm.
अरमान की बात पर अश्की ने मुंह बनाया और बोली, आप भी तो जानते हैं, आपके बिना कहां मुझे नींद आती है. उसकी बात पर अरमान की आई ब्रो ऊपर की तरफ उठ गई. क्या सच में उसके बिना उसे नींद नहीं आती थी. वह तो सिर्फ मिलकर चला जाता था. वह कौन सा उसके साथ सोता था. जैसे ही उसने अरमान का रिएक्शन देखा, तो उसका चेहरा पूरी तरह से लाल पड गया वह अपने चेहरे को अपने हाथों से ढकते हुए बोली, Sorry सॉरी, मेरे कहने का वह मतलब नहीं था. आपसे मिले बिना मुझे नींद नहीं आती. अश्की की वह मासूमियत देखकर अरमान को एक पल के लिए हंसी आ रही थी, लेकिन वह हंसा नहीं. वैसे भी वह बहुत कम था कि कभी हंसा हो, हंसता तो वह बिल्कुल ही नहीं था.
अरमान हाँ में सिर हिलाते हुए बोला, हम्ममम
उसका बस हूं कहना हम्ममम. अश्की को चिडा गया. वह उसकी तरफ देखते हो बोली, क्या हम्ममम. हम्ममम. करते रहते हो, कभी तो ढंग से बोल दिया कीजिए. मैं ही पागल हूं, जो आपसे प्यार कर बैठी. हम्ममम हम्ममम. इससे आगे तो आप कुछ बोलते ही नहीं. तभी अरमान उसके हाथों में अपना हाथ धीरे- धीरे कर फसाने लगा, जिसे महसूस कर अश्की का दिल जोरो से धडकने लगा. वह अपनी लडखडाती हुई आवाज में बोली, यह आप क्या कर रहे हैं? मुझे मुझे कुछ हो रहा है.
उसकी बात सुनकर अरमान उसे गहरी नजरों से देखते हुए बोला, क्या हो रहा है तुम्हें? इतना कहते हुए अरमान लगभग से उसके ऊपर झुक चुका था. उसकी गर्म सांसे उसे अपने होठों पर महसूस हो रही थी और उसकी सांसे अपने होठों पर महसूस कर अश्की की जान निकल रही थी।
उसकी इतनी करीबी महसूस कर अश्की के दिल की हालत और भी ज्यादा खराब होने लगी थी. वह अपनी लडखडाती हुई आवाज में बोली, ए जी. ऐसा मत कीजिए ना, मुझे, मुझे कुछ हो जाएगा. वही अरमान, जो कब से अपने आपको कंट्रोल किए हुए बैठा था, वह उसकी गर्दन के पास झुकते हुए बेहद सेडक्टिव वॉइस में बोला, मैं तुम्हें कुछ नहीं होने दूंगा. इतना कह कर लगभग से उसने अपने होंठ अश्की के Color बोन पर रख दिए थे. यह चीज महसूस कर अश्की का दिल जैसे धक्क सा रह गया. आज पहली बार अरमान ने उसे Kiss किया था और वह भी उसकी गर्दन पर. एक पल के लिए उसका पूरा बदन सुन्न पड चुका था. उसे तो जैसे समझ ही नहीं आ रहा था कि वह क्या करें. लेकिन उसने खुद को पूरी तरह से ढीला छोड दिया था. वह कहां ही अरमान के आगे खुद को छुपाना चाहती थी, वह तो शुरू से ही अरमान की बाहों में पिघलना जानती थी.
अभी भी वह अरमान की बाहों में पिघल रही थी. अरमान, जो कि उसके गले को चूम रहा था, अब उसके हाथ धीरे- धीरे कर अश्की के जिस्म पर रेंगने लगे थे. जैसे- जैसे अरमान के हाथ उसके जिस्म को छू रहे थे, वैसे- वैसे अश्की को अपने जिस्म में से जान निकलती हुई महसूस हो रही थी. अरमान को भी पता नहीं चला कि कब वह अश्की के इतने करीब होता चला जा रहा था. धीरे- धीरे कर उसने अश्की के कंधे पर से उसकी नाइटी का नोट, जो बंधा हुआ था, वह धीरे से खोल दिया. जिससे अश्की पूरी तरह से शर्मा उठी और उसने अरमान की तरफ से पीठ कर ली. जिससे अश्की की पीठ अब अरमान के सामने थी.
उसकी वो खूबसूरत पीठ देखकर अरमान जैसे पागल सा हो गया. उसने अब उसकी पीठ को धीरे- धीरे कर चूमना शुरू किया और अपना हाथ आगे की तरफ ले जाकर उसके सीने के अंगों को धीरे- धीरे कर सहलाने लगा. जिससे अश्की भी उसके छूने से पिघलने लगी थी. अभी उसकी उम्र बहुत छोटी थी, लेकिन अरमान एक ऐसा इंसान था, जिसके Touch उसे कभी भी गलत नहीं लगा. आज भी जिस तरह से अरमान उसे छू रहा था, उसे अरमान की नियत कभी गलत नहीं लगी. अब अरमान ने उसे अपनी तरफ पलटा, तो अश्की का चेहरा शर्म से लाल पड गया.
इस वक्त वही जानती थी कि उसका क्या हाल था. वह अपने धडकते हुए दिल के साथ बोली, ए जी. हमारी जान निकल रही है. उसके मुंह से यह बात सुनकर अरमान उसके होठों पर अपनी उंगली रखते हुए बोला, अभी तुम्हारी जान नहीं निकल सकती और ना ही मैं निकलने दूंगा. मैं खुद तुम्हारी एक दिन जान निकाल लूंगा. इतना कहकर वह पूरी तरह से उसके दूसरी तरफ गर्दन के झुका और दूसरी तरफ की नोट भी खोल दी. जिससे अश्की का गाउन सीने पर से नीचे की तरफ सरकने लगा.
जैसे ही उसका गाउन उसके सीने पर से सरकने लगा, अश्की ने जल्दी से उस गाउन को अपने हाथ में पकडा और अरमान की तरफ देखने लगी. वह अपनी आंखों को झुकाते हुए बोली, हमें, हमें शर्म आ रही है. उसकी बात पर अरमान के होठों के कोने मुड गए अब उसने धीरे से उसके गाल पर अपने होंठ रखे और उसके गालों को चूमने लगा. जैसे- जैसे वह अश्की के गालों को चूम रहा था, अश्की के हाथ अपने सीने से हटते जा रहे थे. देखते ही देखते उसके सीने पर से गाउन नीचे की तरफ सरक गया और उसके सीने के अंग अब अरमान के सामने थे. जिसे देखकर अरमान पूरी तरह से पागल हो चुका था. अब वह पूरी तरह से उसके अंगों पर झुका और उन्हें होठों में भरकर धीरे- धीरे चूमने लगा, जिससे अश्की पूरी तरह से पागल होने लगी.
जिस तरह से अरमान उसके अंगों को चूम रहा था, अश्की के हाथ बेडशीट पर कसते जा रहे थे. उसका बदन पूरी तरह से झटपटा रहा था. अरमान उसे पूरी तरह से बेकाबू करने की कोशिश कर रहा था और वह हो भी रही थी. जिससे अश्की की हालत और भी खराब होने लगी थी. जिस तरह से अरमान उसके साथ आज प्यार कर रहा था, यह बहुत अलग एहसास थे, जो वह महसूस कर अंदर ही अंदर सिहर रही थी. अब अरमान के हाथ उसके नीचे की तरफ जाने लगे थे. जैसे- जैसे उसके हाथ नीचे की तरफ जाने को हुए, तो तभी अश्की उसका हाथ पकडते हुए उसकी आंखों में देखते हुए बोली, ए जी, वहां नहीं, वह बहुत गंदा होता है. उसकी बात पर अरमान ने उसका हाथ अपने हाथों से छुडाया और उसे गहरी आवाज में बोला,
तुम्हारा सब कुछ मेरा है और तुम में कुछ भी गंदा नहीं है, एक बात हमेशा याद रखना और दोबारा से यह शब्द अपने मुंह से कभी निकाल मत देना. इतना कहते हुए अरमान की आवाज बेहद सर्द थी. उसकी बात पर अश्की ने अब अपनी आंखें पूरी तरह से झुका ली. इस वक्त उसका दिल जिस तरह से धडक रहा था, उसे ऐसा लग रहा था, जैसे उसका दिल उसके सीने से ही बाहर आ जाएगा.
अरमान अब पूरी तरह से नीचे की तरफ आया और उसने अश्की का गाउन, जो कि उसके पैरों के अंगूठे को छू रहा था, उसने धीरे कर ऊपर की तरफ उठाया. जैसे उसका गाउन ऊपर की तरफ उठ रहा था, अश्की के रोंगटे और भी तेजी से उठ रहे थे. उसका आधा जिस्म तो पहले ही अरमान के सामने था और अब अरमान जिस तरह से उसका गाउन को ऊपर की तरफ कर रहा था, वह शर्म में डूबते हुए खुद में ही सिमटने लगी थी. उसकी पलके शर्म से बोझिल होने लगी
अरमान ने अब पूरी तरह से उसका गाउन ऊपर उठाया और नीचे के निजी कपडे को देखकर अरमान के होठों के कोने मुड गए. क्योंकि नीचे के कपडे हल्के गीले हो चुके थे और यह चीज देखकर अरमान के चेहरे पर एक अलग ही सेटिस्फेक्शन आई थी. अश्की को अपने लिए ऐसा हाल होता हुआ देखकर वही जानता था कि उसे कैसी सेटिस्फेक्शन मिल रही थी खुद में. लेकिन उसने खुद को संभाला और अश्की को गहरी नजरों से देखते हुए अब उसने अपनी हाथों की उंगलियां उसकी नीचे की तरफ चलाना शुरू किया. जिससे अश्की की सांस उसके गले में अटक गई. उसका पूरा शरीर एक पल के लिए कांप उठा. वह अब जल्दी से अरमान का हाथ पकडते हुए ना में सिर हिलाते हुए बोली, प्लीज, ऐसा मत कीजिए, मुझे मुझे कुछ हो जाएगा.
अश्की के इस तरह से उठकर बैठने से अब जाकर अरमान को होश आया कि वह इतनी देर से क्या कर रहा था. उसको यूं देखकर अरमान ने अपनी आंखें कसकर बंद कर ली. वह सच में अश्की के साथ हद से ज्यादा बहकने लगा था. अश्की को तो इस चीज की समझ नहीं थी, लेकिन अरमान को तो पूरी समझ थी. आज जिस तरह से अरमान आगे बढ रहा था, अगर अश्की उसे ना रोकती तो हो सकता था कि आज लिमिट क्रॉस हो जाती. अब यह चीज सोचकर अरमान को खुद पर गुस्सा आ रहा था. इसलिए उसने जल्दी से उसके पैरों को एक बार फिर से पूरी तरह से कवर किया और उसके सीने पर चद्दर देते हुए अपनी जगह से उठा और वहां से जाने को हुआ. तभी अश्की ने उसका हाथ पकड लिया. जिस तरह से अश्की ने उसका हाथ पकडा था, एक पल के लिए अरमान की धडकन रुकने को हो गई.
दूसरी तरफ अश्की की आंखें नम हो चुकी थी. उसे लगा कि शायद उसने अरमान को रोक दिया, इसीलिए अरमान नाराज हो गया है. वह रोते हुए अरमान से बोली, ए जी. क्या आप मुझसे नाराज हो गए है?
उसकी वह मासूमियत और उसका भोलापन देखकर एक पल के लिए अरमान को ऐसा लगा, जैसे उसने अश्की का दिल दुखा दिया हो. अगले ही पल उसने अपना चेहरा उसकी तरफ घुमाया और उसकी आंखों के आंसू साफ करते हुए बोला, मैंने तुमसे कितनी बार कहा है कि मुझे तुम्हारा रोना बिल्कुल नहीं पसंद. फिर तुम रोने लग जाती हो. तभी अश्की सुबकते हुए बोली, आप मुझे छोड कर जा रहे हैं ना, तो मुझे रोना तो आएगा ही. मुझे लगा, शायद मैंने आपको रोक दिया है, इसीलिए आप मुझसे नाराज है. अगर आपको इस चीज से नाराजगी है, तो मैं आपको नहीं रोकूंगी. आप जो चाहे कर सकते हैं, यह लीजिए. इतना कहते हुए उसने अपनी ब्लैंकेट जो उसने सीने पर लपेट रखी थी, वह नीचे की तरफ सरका ने लगी थी. वही अरमान की आंखें बडी हो गई. उसके दिल की धडकन एक पल के लिए स्किप हो गई.
To be continue.








Write a comment ...