
वहीं दूसरी तरफ,
एक लडकी रेलवे स्टेशन पर बैठी हुई थी और इस वक्त उस लडकी का चेहरा पूरी तरह से नीचे की तरफ झुका हुआ था. आंखों से आंसू लबालब बहे जा रहे थे. लडकी के हाथ में ट्रेन की टिकट थी. लेकिन उसके अलावा उस लडकी के पास कोई लगेज, कोई भी सामान वगैरा नहीं था. वह लगातार उस टिकट को देखकर रोए जा रही थी. लेकिन अपनी जगह से हिल नहीं रही थी. तकरीबन पंद्रह बीस मिनट बाद वहां पर ट्रेन आकर खडी हुई. जैसे ही उसकी ट्रेन आकर खडी हुई, उस लडकी के आंसू और भी तेज हो गए.
वह रोते हुए बोली, लगता है, मेरा साथ यही तक था. अब मुझे अपनी जिंदगी में आगे बढना चाहिए. इतना कहते हुए वह लडकी खडी हुई और ट्रेन में चढ गई. ट्रेन में चढकर वह लडकी एक सीट पर आकर बैठ गई. जैसे- जैसे वह लडकी ट्रेन की सीट पर बैठ रही थी, उसका दिल और भी ज्यादा बैठता जा रहा था. उस लडकी की हालत और भी खराब हुए जा रही थी. रो- रो कर उस लडकी की आंखें लाल हो चुकी थी और यह लडकी कोई और नहीं, अश्की थी.
जिसे नियति जी ही रेलवे स्टेशन छोडकर गई थी. अब अश्की वापस जा रही थी. तकरीबन पाँच मिनट बाद ही ट्रेन चलने को हुई. जैसे ही ट्रेन चलने को हुई, अश्की का दिल तेजी से धक- धक करने लगा. उसे ऐसा लग रहा था, जैसे उसका सब कुछ पीछे छूट रहा हो. हालांकि इतनी देर नहीं हुई थी Armaan के साथ उसे, लेकिन फिर भी जैसे बहुत कुछ महसूस करने लगी थी वह अरमान के साथ. उसका दिल अभी भी अरमान के लिए बेचैन हो रहा था. जैसे- जैसे गाडी आगे बढ रही थी, वैसे- वैसे उसके दिल की धडकन माध्यम हो रही थी. ऐसा लग रहा था, जैसे कि वह यहां से जाएगी, तो उसके दिल की धडकन वहीं पर रुक जाएगी. लेकिन फिर भी वह किसी तरह खुद को संभाल कर बैठी थी.
अभी ट्रेन कुछ ही दूरी पर गई थी कि तभी ट्रेन एकदम से रुकने की आवाज आई. यह चीज देखकर अश्की, जिसकी आंखों से अब तक आंसू बह रहे थे, वह एक पल के लिए रुक गए. उसे लगा, शायद कोई प्लेटफार्म वगैरह आया हो, इसीलिए गाडी रुक गई होगी. लेकिन उसने जब आसपास देखा, तो वहां पर कोई प्लेटफार्म नहीं था. यह चीज देखकर उसकी आंखें हैरत से फैल चुकी थी कि आखिर गाडी ऐसे बीच रास्ते में क्यों रुकी है. अगले ही पल, अश्की के सामने कुछ बॉडीगार्ड खडे हुए थे. जैसे ही उन बॉडीगार्ड्स को अश्की ने देखा, तो उसकी आंखें हैरत से फैल गई, क्योंकि यह बॉडीगार्ड अरमान के थे. अगले ही पल उसके सामने अरमान आकर खडा हो गया.
अरमान का वह एक्सप्रेशन लेस चेहरा इस वक्त पूरी तरह से सख्त पड चुका था. वही अश्की को अरमान को देखकर उसे ऐसा लगा, जैसे उसकी धडकन थम सी गई हो. आंखों में आंसू पहले ही बहने को आतुर थे, और अब और भी तेजी से बहने लगे थे. लेकिन उसने अपने भावनाओं को अपने कंट्रोल में किया और अपना चेहरा दूसरी तरफ घूमा लिया. अश्की को इस तरह से अपना चेहरा घूमाते देख एक पल के लिए अरमान के होठों के कोने मुड चुके थे. लेकिन अगले ही पल उसके होंठ बिल्कुल नॉर्मल हो गए थे.
अब अरमान उसे गहरी नजरों से देखते हुए बोला, घर वापस चलो दिलरुबा. उसकी वह ठंडी और डोमिनेटिंग आवाज सुनकर एक पल के लिए अश्की के रोंगटे खडे हो गए थे. लेकिन अश्की ने फिर भी हिम्मत करके उसकी तरफ देखा नहीं. वह अभी भी बाहर की तरफ देखे जा रही थी. उसको इस तरह से बाहर की तरफ देखता हुआ पाकर अरमान की नजरे उस पर सर्द हो गई थी. वह एक बार फिर से गहरी आवाज में बोला, तुम घर चलोगी या नहीं. उसकी बात सुनकर एक पल के लिए अश्की की आवाज उसके गले में दब गई थी. लेकिन फिर भी वह हिम्मत अपनी नहीं खोना चाहती थी. इसीलिए वह भी सख्त आवाज में बोली, मुझे आपके साथ कहीं नहीं जाना, Mister त्रेहान.
अश्की के मुंह से Mister त्रेहान नाम सुनकर अरमान के होठों के कोने और भी शिद्दत से मुडे थे. उसकी नजरें अश्की पर और भी ज्यादा गहरी होती जा रही थी. उसको इस तरह से जवाब देता देख अब अरमान ने ही लफ्ज कहे, as you wish dilruba.
इतना कह कर उसने अपनी बैक में से एक गन निकाली और सामने ही एक आदमी बैठा हुआ था, जो कि कब से अश्की को अपनी गंदी नजरों से देख रहा था, जो कि अरमान ने भी नोटिस किया था. वैसे भी उसकी दिलरुबा को कोई इस नजर से देखें और वह नोटिस ना करें, ऐसा तो कभी हो ही नहीं सकता था. जिस तरह से उसकी नजरें अश्की पर घूम रही थी, अरमान की भौहें पहले ही तन चुकी थी. वह तो मौका ढूंढ रहा था कि वह कब उसे सबक सिखाएं.
अब उसने अपनी पेंट की बैक में से गन निकाली और सीधे ही उस शख्स के माथे के बीचो में प्वाइंट की. अगले ही पल वहां पर गन शॉट हुआ. जिसकी आवाज सुनकर अश्की का दिल धक सा रह गया. उसे ऐसा लग रहा था, जैसे किसी ने उसके कानों में जलता हुआ लावा डाल दिया हो. वह पूरी तरह से कांप उठी थी. अश्की अपनी जगह पर बैठी बैठी सुन्न पड चुकी थी.
उसकी नजरें अब थोडी सी घूमी और सामने बैठे शख्स, जिसके माथे के बीचो में अरमान ने गोली मारी थी, उस पर जा टिकी. अगले ही अश्की की जोरदार चीख वहां पर गूंज गई. वहां पर बैठे सभी शख्स डर के मारे कांपने लगे थे. सब की नजरे अरमान पर टिक चुकी थी.
दूसरी तरफ अश्की की भी हालत खराब हो चुकी थी. वह अब अरमान की तरफ देखते हुए बोली, आई हेट You Mister त्रेहान, आप बहुत गंदे हो. बहुत ज्यादा गंदे हो. आपने ऐसे ही किसी की जान ले ली. उसकी बात पर अरमान एक्सप्रेशन लैस होकर बोला, तुम घर चल रही हो या नहीं. इतना कहते हुए उसने अपनी गन उसी के साथ बैठे हुए एक शख्स पर पॉइंट कर दी जैसे ही उस शख्स पर गन पॉइंट हुई, अश्की का गला अरमान की तरफ देख कर सूखने लगा. अरमान बहुत जायदा dangrous लग रहा था. उसने gun भले ही उस शख्स पर रखी थी. लेकिन उसकी गहरी निगाहे अश्की पर थी.
अब ना चाहते हुए भी उसे अपनी जगह पर से खडा होना पडा. अब वह अपना सिर झुका कर आगे की तरफ चल दी. जैसे ही उसकी आंखे उस शख्स की तरफ गई, तो अरमान की नजर उस शख्स पर गहरी हो गई. वह शख्स हाथ जोडते हुए बोला, प्लीज, मुझे छोड दीजिए. मेरी बीवी बच्चे हैं. मैं ऐसा इंसान नहीं हूं. यही था वह, जो आपकी बीवी को घूर रहा था.
उस शख्स की बात सुनकर अरमान ने उसे कुछ नहीं कहा. अपनी गन को अब उसने पीछे की तरफ अपनी पैंट में खोसा और वहां से निकल गया. इतनी देर में वह दोनों गाडी में बैठे हुए थे. अश्की, जो कि अरमान के साथ ही बैठी हुई थी, उसे अरमान की ठंडी नजरे अपने आप पर महसूस हो रही थी. लेकिन उसने पलट कर अरमान की तरफ नहीं देखा. वह लगातार बाहर देख रही थी. उसकी आंखों के सामने अरमान का उस आदमी को मारना याद आ रहा था. उसके रोंगटे अभी तक खडे हो रहे थे कि Kiss तरह से अरमान ने उस आदमी को भी मार दिया था. तभी उसे नियति जी की बात याद आई कि वह एक गैंगस्टर है, खूनी है. उस बात को याद करते ही अश्की की आंखों से आंसू और भी तेजी से बहने लगे. इतना तो वह समझ चुकी थी कि नियति जी सच ही कह रही थी कि अरमान एक गैंगस्टर है. अब वह खुद चाहती थी कि वह अरमान से दूर जाए. वह एक गैंगस्टर के साथ तो जिंदगी नहीं बिताना चाहती थी. अब गहरी सांस लेते हुए उसने अपनी आंखों से आंसू साफ किए बिना अरमान की तरफ देख बोली, मुझे यहां से जाना है. मैंने आपको डिवोर्स दे दिया है, Mister त्रेहान.
अब मैं आपकी बीवी नहीं हूं. इतना कहते हुए वह लगातार अपनी आंखों से आंसू साफ किए जा रही थी. उसकी बात पर अरमान ने कोई जवाब नहीं दिया. यह चीज अश्की को और भी ज्यादा बेचैन कर रही थी. तकरीबन आधे घंटे बाद उनकी गाडी दोबारा से फार्म हाउस के आगे आकर रुकी. जैसे ही गाडी फॉर्म हाउस के आगे आकर रुकी, तो अश्की का चेहरा पूरी तरह से सख्त हो गया. अरमान अब बाहर की तरफ आया और उसने घूम कर अश्की की तरफ जाकर उसका दरवाजा खोला.
अश्की का चेहरा पूरी तरह से सख्त हो गया. वह अपना चेहरा दूसरी तरफ घूमाते हुए बोली, मैं आपको पहले भी कह चुकी हूं और अब दोबारा कहती हूं कि अब मैं आपकी बीवी नहीं हूं. मुझे आपके साथ नहीं रहना. मैं खूनी गैंगस्टर के साथ नहीं रह सकती. जिसकी पहले ही बीवी हो, उसे दूसरी बीवी की जरूरत ही क्या है? अगर आपको शारीरिक जरूरतें महसूस होती है, तो अपनी बीवी के पास जाइए, Mister त्रेहान.
उसकी बात सुनकर अरमान की नजरे उस पर और भी गहरी हो गई. अब वह गहरी आवाज में बोला, बहुत बोल रही हो आज दिलरुबा, लगता है तुम्हें अपनी सजा डबल करवानी है. कोई बात नहीं, आज तुम्हारी सजा डबल ही तुम्हें मिलेगी. जिस तरह की जुबान तुम आज चला रही हो ना, अब तुम पछताने वाली हो. इतना कहकर उसने जल्दी से अश्की को अपने कंधे पर उठाया. जिससे अश्की अगले ही पल उसके कंधे पर झूल रही थी. यह चीज देखकर अश्की की आंखें हैरत से फैल चुकी थी. अगले ही पल अरमान अश्की को अंदर की तरफ ले जाने लगा. वही अश्की उसके कंधों पर अपने मुक्के बरसाते हुए बोली, छोडिए मुझे Mister त्रेहान, यही तो आपको आता है कि हमेशा मेरे साथ जबरदस्ती करना. लेकिन आज नहीं, आज मैं आपसे दूर जाकर रहूंगी.
तभी अरमान डोमिनेटिंग वॉइस में बोला, आज मैंने भी अगर तुम्हारे अंदर से खुद से दूर जाने का भूत ना ना उतार दिया, तो मैं भी अरमान त्रेहान नहीं. अरमान की बात सुनकर अश्की के goosebums होने लगे.
एक सेकंड में अरमान ने अश्की को बेड पर लाकर जोरों से पटका. जिससे अश्की की आह निकल गई. वह तडप उठी, क्योंकि अरमान ने बहुत जोर से उसे बेड पर पटका था. अब उसकी गहरी नजरे अश्की पर थी. अश्की को देखते हुए ही उसने अपनी शर्ट के बटन खोलने शुरू कर दिए, तो अश्की की सांस उसके हलक में अटक गई. वह पीछे की तरफ होते हुए ना में सिर हिलाते हुए बोली, नहीं Mister त्रेहान, आप
ऐसा नहीं कर सकते?
To be continue.








Write a comment ...