55

Dhaani ki wildness 🔞🔞🔞⚠️⚠️⚠️

Antonio,,

मृत्युंजय ने इस वक्त धानी के boobs को अपने हाथों में कसकर पकड़ हुआ था। और लगातार अपनी जीभ को उसके निपल्स के इर्द-गिर्द आरोला पर घूम रहा था। और दूसरी तरफ उसका dick धानी की थाई के बीच में था। जिसे वह लगातार मूव कर रहा था। जिस वजह से उसकी pussy line और ass लाइन के बीच में से उसका dick बहुत सॉफ्टली मूव हो रहा था। जिस वजह से धानी को अपनी pussy में सेंसेशन फील हो रही थी। और ऊपर से मृत्युंजय के dick की स्किन भी ऊपर नीचे हो रही थी। जिस वजह से उसके dick में काफी हद तक रगड़ महसूस हो रही थी।

वह लगातार अपने dick धानी की थाई मैं खुद को मूव कर रहा था और ऊपर से उसके बूब्स को लगातार वाइल्डली उसके एरोला पर अपनी जीप को घुमा रहा था। बस की निपल्स को शक नहीं कर रहा था जिस वजह से धानी की और भी ज्यादा हालत खराब हो रही थी। उसका बदन पूरी तरह से मचल रहा था वह चाहती थी कि मृत्युंजय उसके निपल्स को अपने मुंह में लेकर पूरी तरह से suck करें लेकिन मृत्युंजय तो उसे जैसे पूरी तरह से तड़पाने में लगा हुआ था।

इस वक्त धानी के हाथ मृत्युंजय के बालों में चल रहे थे। और वह उसके सर को अपने ब्रेस्ट की तरफ पुश करने की कोशिश कर रही थी। उसकी वह बेचैनी देखकर मृत्युंजय के चेहरे पर डेविल स्माइल आ चुकी थी। लेकिन अभी भी मृत्युंजय कोई कम नहीं छोड़ रहा था अब उसने अपनी दोनों हाथों की उंगलियों से उसकी निपल्स को पकड़ा और उसे ट्विस्ट करने लगा,, जिससे धनी और भी ज्यादा मचलने लगी,, देखते ही देखते धानी की बॉडी शिवर करने लगी,, और उसके माथे पर पसीने की बूंदे और भी तेजी से उभरने लगी,, जैसे ही मृत्युंजय ने यह चीज अच्छी अगले ही पल वो धानी से अलग हो गया और उसको अलग होता देखा धानी की आंखें हैरत से फैल गई

अवधानी पूरी तरह से तड़प चुकीथी। मृत्युंजय ने अब उसकी तड़प और भी ज्यादा बढ़ा दी थी वही mrityunjay से अब पीछे की तरफ होकर खड़ा हो चुका था। इस वक्त वह दीवार के साथ खड़ा था लेकिन दीवार से सटकर बिल्कुल नहीं खड़ा था। दोनों इस वक्त पूरी तरह से नेकेड एक दूसरे के सामने खड़े थे। धानी जो की पूरी तरह से न मृत्युंजय के सामने खड़ीथी। उसकी बॉडी अब शिविर कर रही थी क्योंकि जिस तरह की हालत मृत्युंजय ने उसकी कर दी थी अब वह पीछे तो बिल्कुल नहीं हटने वाली थी। अब अगले ही पल उसने तेजी से अपने कदम मृत्युंजय की तरफ बढ़े और अगले ही पल उसे ज़ोर से धक्का दिया जिसके लिए मृत्युंजय बिल्कुल भी तैयार नहीं था और अब उसके धक्का देने से मृत्युंजय के पीछे दीवार से जा लगा था।

इस वक्त मृत्युंजय की गहरी नजरे धानी पर थी। वही धानी अब उसके ब्रेड चेस्ट पर पूरी तरह से झुकी और उसके चेस्ट पर अपने होंठ रखते हुए अगले ही पल उसने अपने दांतों को उसकी चेस्ट पर गड़ा दिया। धानी के दांत सीने पर महसूस करते ही मृत्युंजय के हाथ धानी की कमर पर आ चुके थे। धानी ने इस वक्त उसकी चेस्ट पर बेहद जोर से दांत गढ़ाए थे। जिसका दर्द मृत्युंजय के चेहरे पर भी दिखाई दिया था लेकिन उसके होठों पर इस वक्त डेविल स्माइल थी। जिस तरह से धानी उसकी चेस्ट पर दांत गड़ा रही थी। ऐसा लग रहा था जैसे वह आज मृत्युंजय को खा ही जाएगी,,

कुछ देर एक ही जगह दांत गड़ाने के बाद उसने अपना चेहरा पीछे की तरफ किया और देखा मृत्युंजय की चेस्ट पर उसके दांतों के निशान बन चुके थे जो की हल्की-हल्के नीले पढ़ने लगे थे लेकिन मृत्युंजय को इस चीज से कोई फर्क नहीं पड़ा,, वही धानी ने अब बेहद सेडक्टिव वे में उसकी आंखों की तरफ देखा,, और अगले ही पल अपने होठों को अपने दांतों तले दबा लिया उसकी ऐसी अदा को देखकर मृत्युंजय की नजर उसके होठों पर टिक गई और अगले ही पल उसने धानी के बालों को पीछे से पकड़ा और उसके बालों को मुट्ठी में भरकर दोबारा से अपनी चेस्ट पर झुका दिया,,

इसका मतलब अब धानी साफ समझ चुकी थी उसने अब मृत्युंजय की लेफ्ट साइड की चेस्ट पर अपने दांत दोबारा से गढ़ाने शुरू कर दिए जिससे मृत्युंजय की आंखें बंद हो चुकी थी और उसके चेहरे पर हल्की सी दर्द की शिकन उतरी लेकिन अगले ही पल उसके होठों पर सुकून भरी मुस्कराहट तैर गई थी पिछले 2 सालों से वह सुकून की तलाश में न जाने कितना लटका था। सपना उसे कहा था की धानी अब जिंदा नहीं है लेकिन उसका दिल यह चीज करने को बिल्कुल भी तैयार नहींथा। पर जब आरव ने उसे धानी के जिंदा होने की खबर दी तो वही जानता था कि उसे कितना सुकून मिला था।

और अब वही सुकून दुगना हो गया था वही धानी लगातार उसकी चेस्ट पर दांत गड़े जा रही थी। कुछ देर दाने की चेस्ट पर दांत गाड़ते रहने के बाद,, धानी ने अब अपने होंठ पीछे की तरफ किया और चेस्ट के नीचे ले जाकर एक बार फिर से वहां पर दांत गड़ा दिए,, देखते ही देखते धानी के में उसकी चेस्ट से लेकर उसके एप्स तक अपने दांतों के निशानों की छाप छोड़ दी थी।

और मृत्युंजय का पूरा सीन और पेट नीले निशाने से भर चुका था। अवधानी एक बार फिर से उसके बराबर आकर खड़ी हुई और एक बार फिर से अपनी सेडक्टिव नजरों से मृत्यु को देखने लगी और धीरे-धीरे अब उसके हाथ मृत्युंजय के पेट से होते हुए उसके dick तक पहुंच चुके थे। अब वह धीरे-धीरे मृत्युंजय के dick को अपने हाथों में लेकर सहलाने लगी थी जिससे मृत्युंजय के dick की स्किन उसके हाथों की वजह से आगे पीछे हो रही थी। उसका वह लोंग डिक देखकर,, धानी को अपनी पुसी में सेंसेशन फील हो रही थी। उसका दिल कर रहा था कि वह मृत्युंजय का जमीन पर धक्का दे और खुद उसके ऊपर चढ़कर उसके डिक को अपनी pussy में डाल ले,, आज तक उसे कभी ऐसी फीलिंग नहीं आई थी लेकिन आज जैसे धानी पूरी तरह से वाइल्ड कैट बनने को तैयार बनी हुई थी। और धानी की ऐसी हालत देखकर,, मृत्युंजय को एक अलग ही प्लेजर फील हो रहा था।

उतनी ने अब अपना एक हाथ अपनी pussy पर रखा और धीरे-धीरे अपनी पूसी के फ्लावर को अपनी दो उंगलियों से मसलने लगी,, और दूसरा उसने अपने होठों को अपने दांतों तले दबकर मदहोशी भारी आहे भरने लगी उसका एक हाथ मृत्युंजय के dick पर चल रहा था और ऐसे ही वह अपने घुटनों के बल बैठचुकी थी। इस वक्त ढाणी हद से ज्यादा सेक्सी लग रही थी। और उसका वह सेक्सी रूप देखकर मृत्युंजय को भी अपने अंदर एक अलग ही लेवल की गर्माहट महसूस हो रहीथी।

मृत्युंजय को अपना गला सूखता हुआ महसूस हो रहा था वही धानी अब पूरी तरह से अपने घुटनों के बाहर नीचे बैठ चुकी थी जिसे मृत्युंजय का dick पूरी तरह से उसके मुंह के ऊपर था लेकिन लेकिन उसके मुंह को बिल्कुल भी टच नहीं हो रहा था। और उसके मोटे लंबे dick को देखकर अब ढाणी ने अपने होठों पर अपनी जीभ को घुमाया जिसे देखकर एक पल के लिए मृत्युंजय की नजर उसके चेहरे पर जैसे जम ही गई,, धानी की इस हरकत पर उसे नहीं पता था की मृत्युंजय का उसने क्या हाल किया था उसके बदन में एक अलग ही करंट दौड़ गया था जो आज तक कभी नहीं हुआ था।

उसकी जिंदगी में कई लड़कियां आई थी लेकिन धानी एक ऐसी लड़की थी इसकी छोटी-छोटी हरकतें भी मृत्युंजय की बॉडी को इफेक्ट पहुंचती थी। अब उसने हल्का सा अपने होठों को खोल और अगले ही पल वह मृत्युंजय के डिक के हेड पर हल्का सा अपने होंठ रख दिए,, जैसे ही मृत्युंजय को उसके होठों की गर्माहट अपने dick पर महसूस हुई,, मृत्युंजय को ऐसा लगा जैसे धानी उसके बदन में से उसकी जान निकल रही हो,,

उसे अपने बदन में से रह निकलती हुई महसूस हो रही थी वही धनी ने अब अपना पूरी तरह से मुंह खोला और उसका डिक पूरी तरह से अपने मुंह में लेकर अंदर बाहर करने लगी दूसरी तरफ अपना हाथ लगातार अपनी पूसी पर चलती रही,,, उसकी वह पूसी जब-जब उसके उंगलियां अपनी पूसी पर गोल घूमती उसकी प्लेयर्स अपने आप हल्की सी खुल जाते और अगले ही पल बंद भी हो जाती है। इस वक्त धानी की खुशी पूरी तरह से बैठ हुई पड़ी थी। वह लगातार मृत्युंजय के डिक को पकड़ कर अपने मुंह के अंदर बाहर कर रही थी जिससे उसकी गुथी हुई आवाज़ उसे वार्डरोब में गूंज रही थी,, कुछ देर उसे ब्लोजॉब देने के बाद धानी ने अपना चेहरा पीछे की तरफ किया इस वक्त धानी की लार,, उसके होठों के से होते हुए उसके सीने पर जागीर जिससे मृत्युंजय को अपना गला सूखता हुआ महसूस होने लगा इस वक्त उसका दिखे पूरी तरह से धानी के सलाइवा से भर चुकाथा।

लेकिन फिर भी धानी उसे छोड़ने का नाम नहीं ले रही थी। अगले ही पल उसने दोबारा से मृत्युंजय का डिक को पकड़ा और लगातार उसे अपने मुंह में लेने लगी और अपनी पुसी को लगातार चलते हुए उसकी आवाज और भी तेजी से उसके मुंह से निकल रही थी लेकिन मृत्युंजय का dick मौसम में होने की वजह से उसकी आवाज एक घुट रही थी। वही मृत्युंजय की अब खुद पर से कंट्रोल छूटने लगा था इसीलिए उसने धानी के बालों को मुट्ठी में भरा और अपने dick को और भी तेजी से उसके मुंह की तरफ धकेल लगा,,

जिससे धानी की और भी तेजी से आवाज है वहां पर गूंजने लगी gghhhhhhaaaaggghhhhh वही मृत्युंजय ने अब कुछ देर उसको ब्लोजॉब दिलवाने के बाद उसके बालों से पड़कर उसे सीधा खड़ा किया और एक बार फिर से धानी के होठों का सलाइवा उसके ब्रेस्ट पर आ गिरा जिसे मृत्यु जी ने अपने होठों में भरकर दोबारा से उसका सलाइवा उसके होठों से चूसने लगा,, और अब वह नीचे की तरफ झुका और उसने उसके बूब पर गिरा हुआ अपनी जीभ से चैट लिया इसकी इससे हरकत पर धानी की भी बॉडी में एक पल के लिए करंट दौड़ गया,,

अगले ही पल मृत्युंजय ने उसकी बाहों को अपनी गर्दन में डाला और उसकी कमर पर हाथ रखकर उसे ऊपर की तरफ उठाया जिससे धानी की टांगे उसकी कमर पर लिपट गई। मृत्युंजय का इस वक्त पूरी तरह से रिएक्टिंग मोड पर था जिससे जब धानी ने अपने टांगे उसकी कमर पर लपेटी,, तो उसका dick सीधा धानी के उसी के होल पर जा लगा धानी को तो एक पल के लिए ऐसा लगा जैसे उसका डिक उसकी खुशी को फाड़ कर ही अंदर की तरफ घुस जाएगा,, लेकिन मृत्युंजय ने ऐसा होने नहीं दिया वह लगातार अपनी डिक को उसके होल पर रखे हुए हल्का-हल्का सहला रहा था और ऐसे ही वह से उठाकर रूम में लेकर आया इस वक्त रूम का दरवाजा पूरी तरह से खुला था।

लेकिन उन दोनों के इस चीज से कोई भी फर्क नहीं पड़ रहाथा। वह तो जैसे अपने ही दुनिया में पहुंच चुके थे। अब मृत्युंजय ने धानी को बेड पर पका और अगले ही पल उसने अपना दिक्कत बिना वार्निंग के धानी की pussy में डाल दिया जिससे धानी की एक जोरदार चीख वहां पर गूंज गई,,

Aaaahhhhhh god mritue fuck उसके मुंह से ऐसे ही बात सुनकर मृत्युंजय के चेहरे पर डेविल स्माइल और भी लंबी हो गई और अगले ही पल उसने और जोर से स्टॉक धनी की उसी में मारा जिससे धनी को अपनी बदन का हर एक हिस्सा कांपता हुआ महसूस हो रहा था। जब-जब मृत्युंजय उसकी खुशी में एक जोरदार स्टॉक मारता उसके बूब पूरी तरह से ऊपर की तरफ उछाल जाते जो उसके मुंह पर भी लग रहे थे। उसके वह उछलते हुए बूब जो की अब 36 के हो चुके थे। और भी ज्यादा सेक्सी लग रहे थे। मृत्युंजय लगातार उसे स्टॉक देते हुए अब गहरी और डोमिनेटिंग वॉइस में,, press your boobs वाइल्डली श्यगर्ल,

उसकी बात पर धानी ने अपने होठों को अपने दांतों में दबाया और अपने boobs को पड़कर जोर-जोर से प्रेस करने लगी जिस वजह से धानी की उंगलियां अपने boobs पर छप रही थी उसके वह निपल्स पूरी तरह से खड़े हुए पड़ेथे। मृत्युंजय लगातार उसे स्टॉक करते हुए बोला जस्ट फील में shygirl feel me inside you इतना कहते हुए वह लगातार जोर-जोर से उसके अंदर स्टॉक कर रहा था वही धानी भी इस चीज को जैसे पूरा इंजॉय कर रही थी उसकी चिल्लाना बाहर की तरफ आ रहा था क्योंकि दरवाजा पूरी तरह से खुला था।

वही मृत्युंजय ने अब उसे पलटा और इस वक्त धानी की ass मृत्युंजय के सामने थी उसकी वह पिक ass क्रैक देखकर मृत्युंजय का दिल कर रहा था वह अपना चेहरा धानी की ass में डालकर अपनी जीभ को उसकी ass crack पर घुमाए,, लेकिन फिलहाल वह धानी को अनकंफरटेबल feel नहीं करवाना चाहताथा। उसने सोच लिया था कि वह यह चीज करेगा जरूर लेकिन अभी नहीं अब वह लगातार धानी की ass को पकड़ कर अपना dick उसके अंदर ट्रस्ट कर रहा था।

जिस वजह से उसके bub नीचे की तरफ तेजी से उछल रहेथे। ऐसे ही लगातार मृत्युंजय उसे पीछे से thrust करता रहा। वही धानी भी अपनी हिप को हिलाकर उसके डिक को अपने अंदर पूरी तरह से ले रही थी aaahhhhhh yaaaahhhhhhh इस वक्त वह पूरी तरह ass को हिला रही थी जिसे मृत्युंजय ने अब उसकी ass पर से अपने हाथ हटा लिएथे ल। और अब धानी खुद ही अपनी हिप को हिलाई जा रही थी वही मृत्युंजय भी लगातार पीछे से धानी के अंदर स्टॉक दे रहा था।

इस वक्त धानी की हिलती हुई ass हद से ज्यादा सेक्सी लग रही थी। और उन दोनों की स्किन स्लैपिंग की आवाज पूरी तरह से उसे कमरे में गूंज रही थी। मृत्युंजय ने अब उसके बालों को पकड़ा और अपनी तरफ से स्टॉक और भी तेज कर दिए और अब लगातार वह अपना हां एक हाथ उसकी ass पर्स spank करे जा रहा था जब-जब मृत्युंजय उसकी ass पर spank करता तो धानी की है और भी तेजी से उछालती,, जिसे देखकर मृत्युंजय और भी ज्यादा पैशनेट हो जाता और भी तेजी से उसके अंदर स्टॉक करता,, वही धनी तो भी लगातार अपनी ass को हिलाए जा रही थी।

दूसरी तरफ,,

हाल में बैठा हुआ अनिल जो की अखबार पढ़ रहा था धानी के आने का वेट कर रहा था जब उसके कानों में यह आवाज है पड़ी तो उसकी आंखें बड़ी होगई। क्योंकि आवाज़ बहुत ज्यादा तेज थी और ऊपर से धानी के कमरे का दरवाजा भी पूरी तरह से खुला था। अब वह अपनी जगह से खड़ा हुआ और उसने अपने कदम धानी के रूम की तरफ बढ़ा दिए,, जैसे-जैसे वह धानी के रूम की तरफ कदम बढ़ा रहा था। उसकी आंखें और भी ज्यादा बड़ी होती जा रही थी क्योंकि आवाज़ और भी तेज होती जा रही थी। धानी की वह स्किन स्लैपिंग की आवाज और ची

खों की आवाज बाहर तक आ रही थी।

To be continue....

Write a comment ...

Write a comment ...